Moving Average Indicator in Hindi

शेयर बाजार में ट्रेड करने के लिए सबसे ज़रूरी है ट्रेंड का विश्लेषण, जिसके लिए कई तरह की स्ट्रेटेजी और इंडिकेटर का इस्तेमाल किया जाता है। अब इंडिकेटर में सबसे ज़्यादा उपयोगी है मूविंग एवरेज जो न ही सिर्फ मार्केट की दिशा बताता है बल्कि सही पोजीशन लेने में भी इस्तेमाल होता है। तो आज इस लेख के जरिये जाने Moving Average Indicator in Hindi क्या है और कैसे उपयोग किया जाता है।

मूविंग एवरेज इंडिकेटर

टेक्निकल एनालिसिस (technical analysis in hindi) में एक शुरूआती ट्रेडर के लिए मूविंग एवरेज एक रामबाण की तरह है। ये इंडिकेटर कई तरह से इस्तेमाल होता है और सिर्फ शुरुआत में ही नहीं एडवांस स्ट्रेटेजी में भी इसका बखूभी इस्तेमाल किया जाता है। 

मूविंग एवरेज के मतलब को जाने तो जैसे नाम से पता चलता है ये प्राइस के एवरेज की जानकारी देता है और इसे मूविंग इसलिए बोला जाता है क्योंकि प्राइस के बदलाव के साथ ये भी निरंतर बदलता रहता है। 

शेयर मार्केट चार्ट में ये कुछ इस तरह एक लाइन की तरह प्रदर्शित होता है:

moving average indicator

Moving Average Formula in Hindi

मूविंग एवरेज किसी भी स्टॉक या इंडेक्स के पिछले क्लोजिंग डेटा बिंदुओं का योग करता है और फिर एवरेज पर पहुंचने के लिए एक विशिष्ट समय अवधि में उन डेटा बिंदुओं की संख्या से कुल योग को विभाजित करता है।

सरल भाषा में जैसे गणित में किसी भी डाटा का औसत निकाला जाता है उसी तरह से स्टॉक मार्केट में शेयर प्राइस के क्लोजिंग प्राइस के औसत से मूविंग एवरेज इंडिकेटर की गणना की जाती है

अब इसमें अलग-अलग तरह के मूविंग एवरेज होते है जैसे 9-मूविंग एवरेज जो पिछली 9-कैंडल के क्लोजिंग प्राइस के आधार पर एवरेज की गणना करता है, उसी प्रकार 20 मूविंग एवरेज 20 कैंडल का एवरेज प्राइस बताता है

Moving Average = Sum of Closing Price / Number of Candles 

इस फार्मूला के आधार पर बने मूविंग एवरेज लाइन सपोर्ट और रेजिस्टेंस की तरह भी इस्तेमाल की जाती है। 

यह ट्रेंड परिवर्तन जांचने का एक उपाय है जो किसी स्टॉक की पिछली प्राइस मूवमेंट का पता लगाता है, और संभावित भविष्य के पैटर्न को निर्धारित करने के लिए स्टॉक मार्केट गतिविधियों के इतिहास का विश्लेषण करता है। मूविंग एवरेज मुख्य रूप से एक लैगिंग इंडिकेटर है, जो कि इसे तकनीकी विश्लेषण का सबसे लोकप्रिय टूल में से एक बनाता है।

मूविंग एवरेज प्रकार

शेयर बाजार में दो प्रकार के मूविंग एवरेज का उपयोग किया जाता है जो इस प्रकार हैं:

  • Simple Moving Average 
  • Exponential Moving Average

दोनों ही मूविंग एवरेज आपको मार्केट के प्राइस ट्रेंड की जानकारी देते है, लेकिन अगर आपको नवीनतम वैल्यू और ट्रेंड की जानकारी लेनी है तो उसके लिए EMA ज़्यादा बेहतर विकल्प होता है। आइये इन दोनों मूविंग एवरेज को विस्तार में समझते है: 

1. Simple Moving Average in Hindi

SMA यानी Simple Moving Average जो हाल ही के डेटा बिंदुओं को सेट करके और फिर कुल योग को समय अवधि की संख्या से विभाजित करके प्राप्त किया जा सकता है।

सिंपल मूविंग एवरेज इंडीकेटर का उपयोग ट्रेडर्स के लिए स्टॉक में प्रवेश करने या बाहर निकलने के लिए सिग्नल देने का काम करता है।

अब क्योंकि ये पुराने डाटा के आधार पर कैलकुलेट किया जाता है इसलिए यह एक लैगिंग इंडिकेटर है। ट्रेडर इस इंडीकेटर का उपयोग शेयरो की खरीद, बिक्री के लिए सिग्नल को निर्धारित करने के लिए कर सकते हैं और ये सपोर्ट और रजिस्टेंस एरीया की पहचान करने में भी काफी मदद करता हैं।

उदाहरण के लिए, एक स्टॉक मार्केट ट्रेडर पिछले पांच दिनों की क्लोजिंग प्राइस लेकर स्टॉक के लिए सिंपल मूविंग एवरेज की गणना करना चाहता है।
पिछले पांच दिनों के लिए क्लोजिंग प्राइस: 20 रुपये, 22 रुपये, 19 रुपये, 21 रुपये और 25 रुपये।
अब सिंपल मूविंग एवरेज की गणना इस प्रकार है:
सिंपल मूविंग एवरेज = (20 रुपये + 22 रुपये + 19 रुपये + 21 रुपये + 25 रुपये)/ 5 (नंवर ऑफ डेज)
सिंपल मूविंग एवरेज = रु.21.4 

अब अगर स्टॉक का दाम ₹21.4 से ऊपर है तो मार्केट में अपट्रेंड और अगर नीचे हुआ तो डाउनट्रेंड की जानकारी प्राप्त होती है। इसी के आधार पर ट्रेडर मार्केट में लॉन्ग या शार्ट पोजीशन ले मुनाफा कमा सकते है। 

2. Exponential Moving Average in Hindi 

EMA  एक अन्य प्रकार का मूविंग एवरेज है जो सबसे हाल ही के प्राइस बिंदुओं को अधिक महत्व देता है और इसे हाल ही के डेटा बिंदुओं के प्रति अधिक प्रतिक्रियाशील बनाता है।

SMA की तुलना में EMA हाल ही के प्राइस परिवर्तन के प्रति अधिक प्रतिक्रियाशील होता है क्योंकि यह दी गई विशिष्ट अवधि में सभी प्राइस परिवर्तनों के लिए समान भार लागू करता है।

SMA vs EMA indicator in Hindi

 

जैसे की आप चार्ट में देख सकते है की EMA प्राइस के साथ-साथ चल ज़्यादा बारीकी से ट्रेंड का विश्लेषण करने में मदद करता है।

अब जब एक ट्रेडर SMA और EMA को जोड़ता है और इस दोनो इंडीकेटर्स को प्लॉट करता है, तो उन्हें पता चलता है कि ईएमए अधिक सटीक है और प्राइस परिवर्तनों के लिए जल्दी से रेस्पोंस करता है। 

ईएमए इंडीकेटर की गणना करते समय तीन चरण शामिल होते हैं:

  • सबसे पहले, हमें एक विशिष्ट अवधि के लिए सिंपल मूविंग एवरेज की गणना करनी होती है।
  • फिर हमें एक्सपोनेंशियल मूविंग एवरेज को निकालने के लिए गुणक की गणना करने की आवश्यकता होती है।
  • अंतिम चरण में प्राइस, गुणक और पिछली अवधि के ईएमए प्राइस का उपयोग करते हुए, प्रारंभिक ईएमए से सबसे हाल की समयावधि तक की अवधि लेकर वर्तमान ईएमए की गणना की जाती है।

इसका सूत्र इस प्रकार है:

EMA = [क्लॉजिंग प्राइस – EMA (पिछला समय अवधि)] x गुणक + EMA (पिछला समय अवधि)


Moving Average Strategy in Hindi

मूविंग एवरेज का उपयोग ट्रेंड की जानकारी, रेवेर्सल या ब्रेकआउट को पहचानने के लिए किया जाता है। एक-एक कर इन सभी पर विस्तार में जानते है: 

1. मूविंग एवरेज से ट्रेंड का एनालिसिस

अगर आप लॉन्ग टर्म के लिए ट्रेंड एनालिसिस करना चाह रहे है तो उसके लिए ज़्यादा समय की एवरेज की गणना करें जैसे 100-मूविंग एवरेज या 200 मूविंग एवरेज और इसे Day Chart पर लगाए। यहाँ पर आप Simple Moving Average का उपयोग कर मार्केट की गतिविधियों को समझ सकते है। 

लेकिन अगर आप शार्ट टर्म के लिए ट्रेंड का विश्लेषण करना चाह रहे है तो उसके लिए Exponential Moving Average का उपयोग करें। 

ये मूविंग एवरेज आपको प्राइस की बेहतर जानकारी दे सही ट्रेंड की पहचान में मदद करता है। 

अब जैसे नीचे चार्ट में आप देख सकते है जिसमे हमने Daily Time Frame पर 20 EMA को प्लाट किया है। 

moving average strategy in hindi

तो जैसे की आप देख सकते है प्राइस मूविंग एवरेज के ऊपर क्लोज होता है तो मार्केट में अपट्रेंड होता है और इसके विपरीत मूविंग एवरेज से नीचे क्लोज होने पर मार्केट में डाउनट्रेंड का संकेत बनता है

2. मूविंग एवरेज से सपोर्ट और रेजिस्टेंस की जानकारी 

अगर आप किसी चार्ट में प्राइस की मूवमेंट को देखेंगे तो पाएंगे की प्राइस जब मूविंग एवरेज के ऊपर होता है यानी की अपट्रेंड होता है तो अक्सर मूविंग एवरेज एक सपोर्ट का काम करता है

ऐसे में प्राइस मूविंग एवरेज पर सपोर्ट ले रिवर्स करता है और वापिस ऊपर की दिशा में बढ़ने लगता है। ऐसी स्थिति में ट्रेडर्स मार्केट में नई लॉन्ग पोजीशन ले सकते है। 

ema strategy in hindi

इसके विपरीत जब प्राइस अपने एवरेज से नीचे होता है तो मूविंग एवरेज की लाइन एक रेजिस्टेंस का काम करती है। ऐसे में प्राइस या तो मूविंग एवरेज से वापिस नीचे की और चला जाता है और अगर प्राइस यहाँ से एवरेज को ब्रेक करता है तो मार्केट में अपट्रेंड आने का संकेत मिलता है। 


Moving Average Crossover Strategy in Hindi

ट्रेंड के साथ मूविंग एवरेज Buy और Sell करने का भी संकेत देता है, लेकिन कैसे?

इसके लिए एक साथ दो या दो से ज़्यादा मूविंग एवरेज का इस्तेमाल किया जाता है। अब जैसे की पहले बताया गया है मूविंग एवरेज अलग-अलग पीरियड जैसे 9-मूविंग एवरेज, 20-मूविंग एवरेज, 50-मूविंग एवरेज आदि अब इनमे जो मूविंग एवरेज छोटे पीरियड का होता है उसे Fast Moving Average और अगर लम्बे पीरियड के मूविंग एवरेज को Slow Moving Average कहा जाता है।

उदाहरण के लिए, 9-मूविंग एवरेज और 20-मूविंग एवरेज में 9-EMA fast और 20-EMA slow मूविंग एवरेज है।

ऐसे में अगर Fast Moving Average, Slow Moving Average को नीचे से ऊपर की ओर Cross करता है तो Buy और नीचे से ऊपर क्रॉस करने पर Sell का संकेत मिलता है

moving average crossover strategy in hindi

अब इस स्ट्रेटेजी को अगर आप इंट्राडे ट्रेडिंग के लिए इस्तेमाल कर रहे है तो 8-EMA और 20-EMA का इस्तेमाल कर सकते है। स्विंग ट्रेडिंग के लिए 20-EMA और 50-EMA और इसी तरह पोसिशनल या लॉन्ग टर्म के लिए 50 और 200 EMA का उपयोग कर मार्केट के ट्रेंड और सिग्नल को पहचान सकते है। 

यहाँ आपको बता दे की 50 मूविंग एवरेज जब 200 मूविंग एवरेज को नीचे से ऊपर क्रॉस करता है तो उसे Golden Cross Over भी कहा जाता है। इसके विपरीत जब 50-मूविंग एवरेज 200-मूविंग एवरेज को ऊपर से नीचे की ओर क्रॉस करते है तो Death Cross कहा जाता है। 


निष्कर्ष

एक तरह से एक ही इंडिकेटर से आप ट्रेंड, सपोर्ट-रेजिस्टेंस और Buy-Sell की जानकारी प्राप्त कर सकते है। लेकिन एक सही संकेत और जानकारी के लिए ज़रूरी होता है कि आप और इंडिकेटर या स्ट्रेटेजी का उपयोग कर अपने ट्रेड पोजीशन को कन्फर्म करें। 

अब इन सब स्ट्रेटेजी और मूविंग एवरेज के सही इस्तेमाल को सीखने के लिए आप stock market classes को join कर सकते है जहाँ आप अनुभवी मेंटर से मार्केट में ट्रेड और रिस्क मैनेजमेंट की स्ट्रेटेजी को सीख सकते है।  

Before investing capital, invest your time in learning Stock Market.
Fill in the basic details below and a callback will be arranged for more information:

    Leave a Comment

    Your email address will not be published. Required fields are marked *

    Book Your Free Demo Class To Learn Stock Market Basics
    Book Online Demo Class Now